पंचकूला पुलिस ने 8 घंटे में सुलझाई मासूम की हत्या की गुत्थी, आरोपी ऑटो चालक गिरफ्तार
पंचकूला के सेक्टर-12ए स्थित एक क्रेच से एक वर्षीय मासूम बच्चे के अपहरण और उसकी हत्या के मामले को पंचकूला पुलिस ने महज 8 घंटे के भीतर सुलझा लिया है। एंटी नारकोटिक्स सेल की टीम ने इन्चार्ज प्रवीण मलिक के नेतृत्व में कार्रवाई में आरोपी अजय राणा, निवासी पिंजौर को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर सुखोमाजरी बाईपास के पास एक पुलिया के नीचे से मासूम का शव बरामद किया है, जिसे आरोपी ने प्लास्टिक के कट्टे में भरकर फेंक दिया था।
एसीपी क्राइम अरविंद कंबोज ने प्रेस वार्ता के दौरान बताया कि 24 जनवरी की सुबह डेराबस्सी निवासी लक्ष्मी नामक महिला ने अपने एक वर्षीय बेटे रियांस को सेक्टर-12ए स्थित एक क्रेच में छोड़ा था। कुछ ही देर बाद एक युवक खुद को बच्चे का पिता बताकर उसे वहां से ले गया। जब बच्चे की मां को इसकी सूचना मिली, तो उसने तुरंत पुलिस को सूचित किया। सेक्टर-14 थाना में किडनैपिंग का मामला दर्ज होते ही क्राइम यूनिट्स सक्रिय हो गईं। सीसीटीवी फुटेज खंगालने पर आरोपी की पहचान अजय राणा के रूप में हुई, जो बच्चे की मां का प्रेमी था।

शुरु में आरोपी ने पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की लेकिन जब सख्ती से पूछताछ की तो इस दौरान आरोपी अजय राणा ने अपना गुनाह कबूल करते हुए बताया कि वह और लक्ष्मी इंस्टाग्राम के माध्यम से मिले थे। आरोपी के मुताबिक, जब भी वह लक्ष्मी से मिलता था, मासूम रियांस साथ होता था और उसके रोने से अजय को परेशानी होती थी। इसी चिढ़ और नफरत के चलते उसने बच्चे को रास्ते से हटाने की साजिश रची। वारदात के दिन उसने क्रेच से बच्चे को उठाया और अपने ऑटो में ले जाकर सफाई करने वाले कपड़े से गला दबाकर मासूम की हत्या कर दी। इतना ही नहीं, उसने शव को प्लास्टिक के कट्टे में बांधकर सुखोमाजरी बाईपास के पास रामपुर सियूडी गांव के पास पुलिया से नीचे फेंक दिया।
डीसीपी क्राइम एंड ट्रैफिक मनप्रीत सिंह सूदन: आरोपी के कब्जे से वारदात में इस्तेमाल किया गया ऑटो बरामद कर लिया है। आरोपी को आज अदालत में पेश कर 4 दिन का पुलिस रिमांड हासिल किया गया है। रिमांड के दौरान इस बात की भी जांच की जाएगी कि क्या इस साजिश में कोई अन्य व्यक्ति भी शामिल था। मासूम के शव का पोस्टमार्टम पंचकूला के सेक्टर-6 स्थित सिविल अस्पताल में कराया जा रहा है।
पंचकूला पुलिस कमिश्नर (एडीजीपी) शिवास कविराज का सख्त संदेश: “यह कृत्य मानवता को शर्मसार करने वाला है और समाज में ऐसे अपराधियों के लिए कोई जगह नहीं है। हमारी टीम ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी को दबोच लिया है, लेकिन हमारी कार्रवाई यहीं नहीं रुकेगी। मैनें जांच कर रही टीम को निर्देश दिए हैं कि इस मामले में ऐसी मज़बूत पैरवी की जाए कि आरोपी को कठोरतम सजा मिले।
कोई भी अपराधी यह न समझे कि वह कानून की नजरों से बच सकता है। हम यह सुनिश्चित करेंगे कि पीड़ित परिवार को जल्द से जल्द न्याय मिले।”

