यूपी के आजमगढ़ में साइबर ठगी करने वाले सात लोग गिरफ्तार
साइबर ठगी
आजमगढ़, उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले की साइबर पुलिस ने साइबर ठगीकरने वाले अंतरराष्ट्रीय गिरोह का खुलासा करते हुए सात ठगों को गिरफ्तार किया है। पुलिसअधीक्षक (एसपी) हेमराज मीणा ने बताया कि जनपद बनारस में छापेमारी के दौरान तकरीबन सातलोग मिले हैं।शुभम जायसवाल थाना जमालपुर, मिर्जापुर, धनजीत यादव जौनपुर, अजय यादव बनारस, अभय राय
चंदौली, अभिनाश राय पश्चिम बंगाल, पीयूष यादव जौनपुर के रहने वाले हैं। इनके पास से करीब 15लाख का सामान, जिसमें 51 मोबाइल फोन, चार लैपटॉप, 42 एटीएम कार्ड, 13 पासबुक, करीब 80सिमकार्ड और एक फाइबर का राउटर मिला है।
एसपी ने बताया कि यह पांडेपुर के एक किराए के मकान से एक कॉल सेंटर संचालित कर रहे थे।इनके सारे अकाउंट की जानकारी की गई तो पता चला कि इन लोगों ने 208 अकाउंट खुलवा रखे थे।उनमें पिछले छह माह में 95 करोड़ का ट्रांजैक्शन हुआ है। इनके सभी अकाउंट को सीज कराया गयाहै। एक करोड़ की धनराशि फ्रीज कर दी गई है। ये लोग काफी दिन से काम कर रहे थे।पहले येआजमगढ़ में थे। यहां जब छापा पड़ा तो इनके बाकी मेंबर बनारस से शिफ्ट कर लिए गए थे।

वहांपर ऑनलाइन गेम क्रिकेट बज के नाम से संचालित कर रहे थे, जिसमें सोशल मीडिया के माध्यम सेजैसे फेसबुक, इंस्टाग्राम के जरिए लोगों को गेम खिलवाते थे।उन्होंने बताया कि ये लोगों को पैसा जितवाने और तीन गुना करने के नाम से लालच देते थे। जबलोग बड़ा अमाउंट लगाते थे, ये लोग अलग खातों या फिर किसी कंपनी के नाम से ट्रांसफर कर देतेथे या फिर एटीएम के माध्यम से विड्रॉल कर लेते थे। यह गैंग संगठित ढंग से काम कर रहे थे।इसमें कुल सात लोग पकड़े गए हैं। 20 हजार नकद मिला है। बाकी चीजों पर भी काम चल रहा है।
पहले ये आजमगढ़ में पकड़े गए थे। इनके साथी आज पकड़े गए हैं। ये लोग सोशल मीडिया केमाध्यम से मोटिवेट करके लोगों का पैसा ठगने का काम कर रहे हैं। साइबर टीम ने कार्रवाई की पूरीटीम को 25 हजार का पुरस्कार भी दिया गया है। पहले 11 लोग पकड़े गए थे। अभी सात लोगपकड़े गए हैं।